समावेशी शिक्षा में शैक्षिक परामर्श
Abstract
समावेशी शिक्षा एक ऐसी शिक्षा प्रणाली है जिसका उद्देश्य सभी बच्चों को, उनकी व्यक्तिगत भिन्नताओं एवं क्षमताओं की परवाह किए बिना, समान शैक्षिक अवसर प्रदान करना है। इसका मुख्य लक्ष्य दिव्यांग तथा सामान्य सभी विद्यार्थियों को समान रूप से शिक्षा की मुख्यधारा से जोड़ना तथा उनके सर्वांगीण विकास को सुनिश्चित करना है। समावेशी शिक्षा व्यक्तिगत आवश्यकताओं के अनुसार लचीली शिक्षण प्रक्रिया, समान अवसर, सामाजिक समायोजन तथा आत्मनिर्भरता के विकास पर बल देती है।अंतरराष्ट्रीय स्तर पर समावेशी शिक्षा को बढ़ावा देने में UNESCO द्वारा आयोजित Salamanca Conference (1994) का महत्वपूर्ण योगदान रहा है, जिसने “सभी के लिए शिक्षा” की अवधारणा को स्थापित किया। समावेशी शिक्षा में शिक्षक की भूमिका अत्यंत महत्वपूर्ण होती है। शिक्षक का सकारात्मक दृष्टिकोण, समानुभूति तथा सहयोगात्मक व्यवहार विद्यार्थियों के आत्मविश्वास और सीखने की क्षमता को बढ़ाता है। विशेष रूप से दृष्टिबाधित विद्यार्थियों की पहचान, उनकी आवश्यकताओं की पूर्ति तथा जीवन कौशलों का विकास समावेशी शिक्षा का प्रमुख उद्देश्य है। जीवन कौशल व्यक्ति को दैनिक जीवन की चुनौतियों से प्रभावी ढंग से निपटने में सक्षम बनाते हैं। संप्रेषण कौशल, निर्णय क्षमता, आत्म-जागरूकता, सहानुभूति तथा समस्या समाधान जैसी योग्यताएँ विद्यार्थियों के व्यक्तित्व विकास में सहायक होती हैं। शैक्षिक परामर्श समावेशी शिक्षा का एक महत्वपूर्ण घटक है। परामर्श के माध्यम से विद्यार्थियों की समस्याओं की पहचान, उनकी क्षमताओं का विकास, शैक्षिक एवं व्यावसायिक मार्गदर्शन तथा सामाजिक समायोजन में सहायता प्रदान की जाती है। परामर्शदाता और परामर्श प्रार्थी के बीच विश्वासपूर्ण संबंध परामर्श प्रक्रिया की सफलता का आधार होता है। अतः समावेशी शिक्षा में शैक्षिक परामर्श सभी विद्यार्थियों के समग्र विकास, समान अवसर तथा सामाजिक समावेशन को सुनिश्चित करने का एक प्रभावी माध्यम है।References
1. UNESCO. (2016). समावेशी शिक्षा दिशा-निर्देश। पेरिस: यूनेस्को।
2. UNESCO. (2016). समावेशी शिक्षा: सभी के लिए शिक्षा की ओर (Inclusive Education Guidelines)। पेरिस: यूनेस्को।
3. UNICEF. (2013). समावेशी शिक्षा का सिद्धांत एवं व्यवहार। न्यूयॉर्क: यूनिसेफ।
4. UNICEF. (2012). जीवन कौशल शिक्षा रूपरेखा। न्यूयॉर्क: यूनिसेफ।
5. शर्मा, आर. ए. (2010). समावेशी शिक्षा। मेरठ: आर. लाल बुक डिपो।
6. शर्मा, आर. ए. (2010). समावेशी शिक्षा। मेरठ: आर. लाल बुक डिपो।
7. अग्रवाल, जे. सी. (2009). विशेष एवं समावेशी शिक्षा। नई दिल्ली: विकास पब्लिशिंग हाउस।
8. बार्टन, एल., एवं आर्मस्ट्रांग, एफ. (2007). समावेशी शिक्षा: नीति, अनुभव एवं परिवर्तन। स्प्रिंगर प्रकाशन।
9. मंगल, एस. के. (2007). निर्देशन एवं परामर्श। नई दिल्ली: प्रेंटिस हॉल ऑफ इंडिया।
10. मंगल, एस. के. (2007). विशेष शिक्षा एवं समावेशी शिक्षा। नई दिल्ली: प्रेंटिस हॉल ऑफ इंडिया।
11. Borton, L., & Armstrong, F. (2007). समावेशी शिक्षा: नीति, अनुभव एवं परिवर्तन। स्प्रिंगर प्रकाशन।
2. UNESCO. (2016). समावेशी शिक्षा: सभी के लिए शिक्षा की ओर (Inclusive Education Guidelines)। पेरिस: यूनेस्को।
3. UNICEF. (2013). समावेशी शिक्षा का सिद्धांत एवं व्यवहार। न्यूयॉर्क: यूनिसेफ।
4. UNICEF. (2012). जीवन कौशल शिक्षा रूपरेखा। न्यूयॉर्क: यूनिसेफ।
5. शर्मा, आर. ए. (2010). समावेशी शिक्षा। मेरठ: आर. लाल बुक डिपो।
6. शर्मा, आर. ए. (2010). समावेशी शिक्षा। मेरठ: आर. लाल बुक डिपो।
7. अग्रवाल, जे. सी. (2009). विशेष एवं समावेशी शिक्षा। नई दिल्ली: विकास पब्लिशिंग हाउस।
8. बार्टन, एल., एवं आर्मस्ट्रांग, एफ. (2007). समावेशी शिक्षा: नीति, अनुभव एवं परिवर्तन। स्प्रिंगर प्रकाशन।
9. मंगल, एस. के. (2007). निर्देशन एवं परामर्श। नई दिल्ली: प्रेंटिस हॉल ऑफ इंडिया।
10. मंगल, एस. के. (2007). विशेष शिक्षा एवं समावेशी शिक्षा। नई दिल्ली: प्रेंटिस हॉल ऑफ इंडिया।
11. Borton, L., & Armstrong, F. (2007). समावेशी शिक्षा: नीति, अनुभव एवं परिवर्तन। स्प्रिंगर प्रकाशन।
How to Cite
डॉ. पूजा कुमारी शाह. (1). समावेशी शिक्षा में शैक्षिक परामर्श. ACCENT JOURNAL OF ECONOMICS ECOLOGY & ENGINEERING ISSN: 2456-1037 SIF:8.20, Peer Reviewed and Refereed Journal, UGC APPROVED NO. 48767 (Ref.2018), 11(02), 34-40. Retrieved from https://ajeee.co.in/index.php/ajeee/article/view/5946
Section
Articles






